Advertisment

Invention of wireless charging for electric vehicles, the biggest problem related to EV ended

इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए हुआ वायरलेस चार्जिंग का आविष्कार, EV से जुड़ी सबसे बड़ी समस्या हुई खत्म

Share This Post

Share on facebook
Share on whatsapp
Share on twitter
Share on email
आने वाला दौर इलेक्ट्रिक वाहनों का 
 
न्यूज डेस्क ( नेशनल थॉट्स ) : पेट्रोल – डीजल के बढ़ते दामों के कारण लोग अब इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर शिफ्ट हो रहे है | इसके पीछे एक और वजह ये भी है कि सभी लोगों का मानना है कि आने वाला दौर EV का ही है | हालांकि इनमें एक समस्या ये भी है कि इनमें लंबी यात्राओं के दौरान आसानी से रिचार्ज करने की सुविधाएं नहीं हैं। ईवी की रेंज, चार्जिंग का समय और चार्जिंग स्टेशन की उपलब्धता ये सभी फिलहाल दूर की कौड़ी हैं।

चार्जिंग में लगने वाला समय बड़ी समस्या 
 
इस समस्या के निदान के लिए ऐसी सड़कें बनाने की दिशा में काम चल रहा है, जो कारों के चलने पर उन्हें चार्ज भी कर देंगी। इसके लिए इंडक्टिव चार्जिंग नामक तकनीक का विकास किया जा रहा है। इस साल जुलाई में इंडियाना के परिवहन विभाग और परड्यू यूनिवर्सिटी ने दुनिया के पहले वायरलेस चार्जिंग कॉन्क्रीट हाईवे की योजना बनाई है। इसके लिए चुंबकीय कॉन्क्रीट तकनीक का उपयोग करते हैं, जिसमें आयरन ऑक्साइड, निकल और जिंक जैसे धातु तत्व मिलाए जाएंगे | 
 
सवाल ये कि कंक्रीट मिक्सर में कैसे दौड़ेगा करंट 
 
कंक्रीट मिक्सर में बिजली का करंट दौड़ाकर इसे चुंबकीय बनाया जाता है। इससे एक चुंबकीय क्षेत्र बनता है जो वायरलेस तरीके से वाहन को पावर देकर चार्ज करता है। पेटेंट कराए गए मटेरियल से बने 12 फीट लंबी 4 फीट चौड़े प्लेट या बॉक्स को सड़क पर कुछ इंच नीचे दबा दिया जाता है। इस बॉक्स को पावर ग्रिड से जोड़कर इसमें करंट दौड़ाया जाता है। यह ट्रांसमिट होता है, जो सड़क पर दौड़ने वाली ईवी को पावर देता है। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Advertisment

खबरें और भी है ...