Amarnath Yatra 2026: बाबा बर्फानी की पवित्र अमरनाथ यात्रा शुक्रवार से विधिवत शुरू हो गई। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने श्रद्धालुओं के नाम पत्र लिखकर उनकी यात्रा के सुरक्षित, सफल और मंगलमय होने की कामना की। उन्होंने कहा कि अमरनाथ यात्रा भारत की आध्यात्मिक परंपरा और सांस्कृतिक एकता का जीवंत प्रतीक है।
शुक्रवार सुबह बालटाल और नुनवान (पहलगाम) स्थित दोनों बेस कैंपों से श्रद्धालुओं का पहला जत्था दक्षिण कश्मीर हिमालय में 3,880 मीटर की ऊंचाई पर स्थित पवित्र अमरनाथ गुफा के लिए रवाना हुआ। इस गुफा में प्राकृतिक रूप से बनने वाला हिम शिवलिंग श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है।
PM मोदी ने क्या लिखा?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संदेश में कहा,”बाबा बर्फानी के दर्शन से जुड़ी अमरनाथ यात्रा हमारी आध्यात्मिक परंपरा और सांस्कृतिक एकता का एक शाश्वत अध्याय है। मेरी कामना है कि सभी शिवभक्तों की यह यात्रा हर तरह से सुरक्षित और मंगलमय हो।”
उन्होंने बताया कि इस पावन अवसर पर श्रद्धालुओं के नाम लिखे अपने पत्र में उन्होंने पांच संकल्प भी शामिल किए हैं।
‘बम-बम भोले’ के जयकारों के बीच रवाना हुआ पहला जत्था
प्रधानमंत्री ने बताया कि दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग जिले में स्थित नुनवान (पहलगाम) और मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले के बालटाल बेस कैंप से पुरुषों, महिलाओं और साधु-संतों सहित श्रद्धालुओं के जत्थे सुबह तड़के रवाना हुए।
जब संबंधित डिप्टी कमिश्नरों और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों (SSP) ने यात्रियों को हरी झंडी दिखाई, तो पूरा माहौल ‘बम-बम भोले’ के जयघोष से गूंज उठा।
इससे पहले गुरुवार को जम्मू के भगवती नगर बेस कैंप से उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने 4,809 से अधिक तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था।
28 अगस्त को संपन्न होगी यात्रा
कश्मीर घाटी पहुंचने पर प्रशासन और स्थानीय लोगों ने श्रद्धालुओं का गर्मजोशी से स्वागत किया। श्रद्धालु पवित्र गुफा में प्राकृतिक हिम शिवलिंग के दर्शन और पूजा-अर्चना करेंगे।
यात्रा को सुरक्षित और सुचारु रूप से संचालित करने के लिए व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की गई है। पुलिस, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) और अन्य अर्धसैनिक बलों के हजारों जवान पूरे यात्रा मार्ग पर तैनात हैं। इसके अलावा संवेदनशील क्षेत्रों में हवाई निगरानी की भी व्यवस्था की गई है।
57 दिनों तक चलने वाली अमरनाथ यात्रा का समापन 28 अगस्त को होगा।