Ram Mandir Donation Controversy: राम मंदिर में चढ़ावे को लेकर उठे विवाद के बीच उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय का समर्थन किया है। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे को बेवजह तूल देने की आवश्यकता नहीं है।
मौर्य ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन और मंदिर निर्माण के लिए वर्षों तक तपस्वियों की तरह समर्पित भाव से कार्य करने वाले चंपत राय सहित कई लोग इस विवाद से बेहद आहत हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि राम मंदिर में दान से जुड़े मामले को अनावश्यक रूप से बड़ा मुद्दा न बनाया जाए।
पूर्व कर्मचारी ने लगाए गंभीर आरोप
डिप्टी CM का यह बयान ऐसे समय आया है, जब श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के एक पूर्व कर्मचारी ने मंदिर प्रबंधन से जुड़े कुछ लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
करीब 18 महीने तक मंदिर में कार्य करने का दावा करने वाले पूर्व कर्मचारी ने आरोप लगाया कि ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय के करीबी सहयोगी और ड्राइवर टिन्नू यादव सेवादारों और कर्मचारियों से अपने पैर दबवाते थे। इन आरोपों के बाद मंदिर प्रबंधन को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।
वकीलों ने निकाला विरोध मार्च
इस बीच, फैजाबाद बार एसोसिएशन के वकीलों ने राम मंदिर में चढ़ावे की कथित अनियमितताओं को लेकर विरोध मार्च निकाला। वकीलों ने श्रीराम जन्मभूमि थाने पहुंचकर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय, ट्रस्ट सदस्य अनिल मिश्रा और मंदिर अधिकारी गोपाल राव के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग करते हुए पुलिस को शिकायत सौंपी।
शिकायत में इन लोगों के नाम भी शामिल
जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कालिका प्रसाद मिश्रा ने बताया कि इस मामले में पहली शिकायत दर्ज कराने वाले ट्रस्ट सदस्य कृष्ण मोहन का नाम भी पुलिस को दी गई शिकायत में शामिल किया गया है।
वकीलों ने अदालत परिसर से श्रीराम जन्मभूमि थाने तक मार्च निकालते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और नामजद लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की।
पुलिस ने जांच का दिया आश्वासन
विरोध प्रदर्शन के दौरान वकीलों ने ट्रस्ट पदाधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी भी की। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कुछ वकीलों ने धक्का-मुक्की में मामूली चोट लगने का भी दावा किया।
थाने पहुंचने के बाद वकीलों ने तत्काल प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की। इस पर पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि शिकायत की निष्पक्ष जांच की जाएगी और कानून के अनुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कालिका प्रसाद मिश्रा ने कहा कि संगठन ने सभी नामजद व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।