केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए दावा किया कि कांग्रेस अगले तीन दशकों तक सत्ता से बाहर रह सकती है। यमुना की सफाई से जुड़ी 8,941 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की शुरुआत के मौके पर शाह ने राहुल गांधी की विदेश यात्रा पर भी तंज कसा। बताया जा रहा है कि कांग्रेस सांसद चार दिवसीय यात्रा पर वियतनाम गए हैं।
राहुल गांधी की विदेश यात्रा पर अमित शाह का तंज
अमित शाह ने राहुल गांधी की विदेश यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें पता है कि राहुल गांधी उनकी बात नहीं सुन सकते, क्योंकि वह विदेश में हैं। उन्होंने कहा कि विदेश जाना राहुल गांधी की निजी जिंदगी का मामला है, लेकिन दिल्ली लौटने पर उन्हें उनकी बात सुननी चाहिए।
शाह ने तंज कसते हुए कहा कि अगले 30 साल तक कांग्रेस की सत्ता में आने की बारी नहीं आएगी। उनका यह बयान ऐसे समय आया है, जब कांग्रेस और उसके सहयोगी दल मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं।
राहुल के विदेश दौरे पर BJP ने उठाए सवाल
राहुल गांधी की वियतनाम यात्रा को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने भी कांग्रेस पर निशाना साधा। पार्टी ने आरोप लगाया कि दिल्ली में विरोध-प्रदर्शनों के दौरान बयानबाजी करने के बाद राहुल गांधी विदेश चले गए।
BJP ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें राहुल गांधी के वियतनाम जाने वाली उड़ान में सवार होने का दावा किया गया। पार्टी ने उनके विदेशी दौरों के उद्देश्य पर भी सवाल उठाए।
संबित पात्रा और प्रदीप भंडारी ने भी साधा निशाना
BJP नेता संबित पात्रा ने राहुल गांधी पर सत्ता परिवर्तन की साजिश से जुड़े आरोप लगाए और दावा किया कि वह जॉर्ज सोरोस से मिलने या उनसे मार्गदर्शन लेने विदेश गए हैं। वहीं, BJP प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने सवाल किया कि राहुल गांधी विदेश छुट्टियां मनाने गए हैं या अपने सहयोगियों से मिलने।
ये आरोप BJP नेताओं की राजनीतिक टिप्पणियां हैं। इनके समर्थन में प्रस्तुत किए गए दावों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है।
वोट चोरी के आरोपों पर भी विपक्ष को घेरा
अमित शाह ने कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों पर चुनावों में कथित ‘वोट चोरी’ को लेकर BJP पर लगाए जा रहे आरोपों के जवाब में निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कई राज्यों में विपक्षी दल लंबे समय से सत्ता से बाहर हैं और केवल विरोध-प्रदर्शन करने से राजनीतिक सफलता नहीं मिलती।
शाह ने विपक्षी नेताओं को सलाह दी कि वे विरोध-प्रदर्शन के बजाय उन क्षेत्रों के विकास के लिए योजनाएं पेश करें, जहां से वे निर्वाचित हुए हैं।
SIR और मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर जारी है विवाद
राहुल गांधी की विदेश यात्रा ऐसे समय में हुई है, जब विपक्षी दल मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर सवाल उठा रहे हैं। विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका पर भी आपत्ति जताई है और उनके खिलाफ विरोध-प्रदर्शन किए हैं।
वहीं, BJP ने विपक्ष के आरोपों को राजनीतिक बयानबाजी करार देते हुए राहुल गांधी की विदेश यात्रा को मुद्दा बनाया है। इस विवाद के बीच दोनों पक्षों के बीच आरोप-प्रत्यारोप जारी हैं।







