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संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा के मानसिक संतुलन के मुरीद हुए सितांशु कोटक

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admin
23 अक्टूबर 2026 | 02:33 pm IST
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भारतीय बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने सलामी बल्लेबाज संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा की जमकर तारीफ की है। उन्होंने शुक्रवार को कहा कि दोनों खिलाड़ियों में ताकत, प्रतिभा और आक्रामक इरादे के साथ-साथ अपने दिमाग पर भी शानदार नियंत्रण है। कोटक ने सोशल मीडिया पर 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को अंतिम एकादश में शामिल करने की उठ रही मांग के बीच संजू और अभिषेक का समर्थन करने के लिए टीम प्रबंधन की भी सराहना की।

टीम प्रबंधन के फैसलों का सम्मान जरूरी

वैभव सूर्यवंशी को एशियाई खेलों के बाद से खेलने का मौका नहीं मिला है। हालांकि, ईशान किशन के चोटिल होने के कारण न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे टी20 मुकाबले से बाहर होने के बाद सूर्यवंशी को टीम में मौका मिलने की संभावना जताई जा रही है।

सितांशु कोटक ने कहा कि तीनों सलामी बल्लेबाजों को लेकर सोशल मीडिया पर काफी अटकलें लगाई जा रही हैं। उन्होंने कहा, ”लोगों को समझना चाहिए कि टीम प्रबंधन के फैसले टीम के हित को ध्यान में रखकर लिए जाते हैं। अंतिम एकादश का चयन लोगों की पसंद के आधार पर नहीं किया जा सकता।”

संजू सैमसन की बल्लेबाजी की तारीफ

कोटक ने संजू सैमसन की विशेष रूप से प्रशंसा की और उनके आक्रामक अंदाज को सराहनीय बताया। उन्होंने कहा कि संजू ने पहले मैच में जिस तरह बल्लेबाजी की, वह काबिलेतारीफ थी। उस मुकाबले में टीम के सामने बड़ा लक्ष्य था और ऐसे में आक्रामक शुरुआत करना आसान नहीं होता।

कोटक के मुताबिक, अगर किसी बल्लेबाज को शुरुआती दो ओवरों में तीन या चार छक्के लगाने की जरूरत हो, तो उस पर दबाव होना स्वाभाविक है। ऐसी परिस्थितियों में आउट होने का डर भी रहता है, लेकिन संजू ने अपनी बल्लेबाजी से मजबूत इरादे दिखाए।

दबाव में भी निडर रहते हैं दोनों बल्लेबाज

सितांशु कोटक ने कहा कि अगर कोई बल्लेबाज लगातार दो या तीन मैचों में जल्दी आउट हो जाए, तो उसके मन में टीम से बाहर होने का डर पैदा हो सकता है। इसके बावजूद भारतीय सलामी बल्लेबाजों ने निडर होकर खेलने का रवैया दिखाया है।

उन्होंने संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा के मानसिक नियंत्रण की तारीफ करते हुए कहा कि दोनों खिलाड़ी दबाव की परिस्थितियों में भी अपने इरादों पर कायम रहते हैं। उनके मुताबिक, यही मानसिक मजबूती उन्हें आक्रामक क्रिकेट खेलने में मदद करती है।