पैरा एशियन गेम्स 2026 में भारतीय पैरा-एथलीटों का शानदार प्रदर्शन जारी है। बैडमिंटन के पुरुष एकल मुकाबलों में भारत ने दो स्वर्ण पदक अपने नाम किए। नितेश कुमार ने SL3 श्रेणी में, जबकि नवीन शिवकुमार ने SL4 श्रेणी में शानदार जीत दर्ज कर देश का गौरव बढ़ाया।
नितेश कुमार ने फाइनल में अपने ही देश के प्रमोद भगत को सीधे दो गेम में हराया। वहीं, नवीन शिवकुमार ने इंडोनेशिया के फ्रेडी सेतियावान को मात देकर स्वर्ण पदक जीता। इन जीतों से प्रतियोगिता में भारतीय दल के प्रदर्शन को और मजबूती मिली।
नितेश कुमार ने प्रमोद भगत को हराकर जीता स्वर्ण
पुरुष एकल की SL3 श्रेणी के फाइनल में नितेश कुमार का मुकाबला दो पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता प्रमोद भगत से हुआ। नितेश ने शानदार खेल दिखाते हुए यह मुकाबला 21-18, 21-16 से जीत लिया।
इस जीत के साथ नितेश ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया, जबकि प्रमोद भगत को रजत पदक से संतोष करना पड़ा। नितेश के लिए यह जीत खास रही, क्योंकि पिछली प्रतियोगिता में वह स्वर्ण पदक जीतने के बेहद करीब पहुंचकर चूक गए थे।
नितेश बोले- इस बार जीतना खास अनुभव
NDTV के अनुसार, स्वर्ण पदक जीतने के बाद नितेश कुमार ने अपनी खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि पिछली बार वह तीसरे गेम में 19-16 से आगे थे, लेकिन मुकाबला हार गए थे। इस बार प्रमोद भगत के खिलाफ सीधे दो गेम में जीत हासिल करना उनके लिए बेहद खास है।
नितेश के मुताबिक, एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतना उनके लिए खुशी का बड़ा अवसर है। उन्होंने इस जीत को अपने पिछले अनुभवों के मुकाबले एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।
प्रमोद भगत को रजत पदक से करना पड़ा संतोष
फाइनल में हार के बाद प्रमोद भगत ने निराशा जाहिर की। उन्होंने कहा कि वह एशियन गेम्स में लगातार तीसरा स्वर्ण पदक जीतने के इरादे से उतरे थे, लेकिन इस बार उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा।
भगत के अनुसार, मुकाबले के दौरान उनके कुछ शॉट्स सही नहीं लगे और खेल को आंकने में भी उनसे गलतियां हुईं। इन कारणों से वह अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर सके।
नवीन शिवकुमार ने फ्रेडी सेतियावान को दी मात
पुरुष एकल की SL4 श्रेणी के फाइनल में नवीन शिवकुमार ने इंडोनेशिया के फ्रेडी सेतियावान के खिलाफ शानदार प्रदर्शन किया। नवीन ने महज 36 मिनट में मुकाबला 21-9, 21-17 से जीतकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
नवीन ने पूरे मैच में प्रभावशाली खेल दिखाया और अपने प्रतिद्वंद्वी को वापसी का अधिक मौका नहीं दिया। उनकी इस जीत से भारतीय बैडमिंटन दल की उपलब्धियों में एक और स्वर्ण पदक जुड़ गया।
भारत के खाते में आया 24वां स्वर्ण पदक
नवीन शिवकुमार की जीत को पैरा एशियन गेम्स 2026 में भारत का 24वां स्वर्ण पदक बताया गया। नितेश कुमार और नवीन शिवकुमार की उपलब्धियों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय पैरा-बैडमिंटन की ताकत को प्रदर्शित किया।
दोनों खिलाड़ियों के स्वर्ण पदक जीतने से भारतीय दल का उत्साह बढ़ा है। अब प्रतियोगिता में भारतीय खिलाड़ियों के आगे के प्रदर्शन पर नजर रहेगी।
प्रकाशन से पहले प्रतियोगिता के आधिकारिक परिणामों, खिलाड़ियों की श्रेणियों और भारत के कुल स्वर्ण पदकों की संख्या की पुष्टि कर लें।







