National Thoughts Logo
National Thoughts
AWebPortalOfPositiveJournalism

जामिया प्रदर्शन में विवादित पोस्टर पर सलमान खुर्शीद बोले- मीडिया लगाए सवाल

a
admin
24 अक्टूबर 2026 | 02:25 pm IST
Featured Image

दिल्ली स्थित जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय परिसर में ‘फ्री कश्मीर’ और ‘फ्री शरजील इमाम’ जैसे नारों वाले पोस्टर और ग्रैफिटी सामने आने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। इस मामले पर वरिष्ठ कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि मीडिया को उनसे सवाल पूछने के बजाय पोस्टर लगाने वालों से जवाब मांगना चाहिए।

पोस्टरों पर सलमान खुर्शीद ने क्या कहा?

समाचार एजेंसी ANI से बातचीत में सलमान खुर्शीद ने कहा कि उन्होंने ये पोस्टर नहीं लगाए हैं, इसलिए उनसे इस बारे में सवाल पूछना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि मीडिया को उन लोगों से सवाल करना चाहिए, जिन्होंने पोस्टर लगाए हैं और उनसे पूछना चाहिए कि उन्होंने ऐसा क्यों किया।

खुर्शीद ने इस तरह के मामलों में सतर्कता बरतने की सलाह भी दी। उनका कहना था कि पोस्टर लगाने वालों की मंशा और उनके पीछे के कारणों को समझना जरूरी है।

जामिया परिसर में इन नारों से बढ़ा विवाद

रिपोर्टों के मुताबिक, जामिया मिल्लिया इस्लामिया परिसर की दीवारों पर ‘फ्री कश्मीर’, ‘फ्री शरजील इमाम’, ‘फ्री फिलिस्तीन’ और ‘RSS गो बैक’ जैसे नारे लिखे हुए पोस्टर और ग्रैफिटी देखे गए।

बताया जा रहा है कि यह मामला उस समय सामने आया, जब विश्वविद्यालय परिसर में छात्र संगठनों की ओर से छात्र संघ चुनाव कराने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया जा रहा था। इन नारों को लेकर विवाद खड़ा हो गया है।

हालांकि, पोस्टर किसने लगाए और उनके पीछे क्या उद्देश्य था, इसकी पुष्टि संबंधित जांच या आधिकारिक जानकारी के आधार पर ही की जा सकती है।

राहुल गांधी के विदेश नीति संबंधी बयानों का भी किया समर्थन

इससे पहले सलमान खुर्शीद ने भारत की विदेश नीति को लेकर लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की टिप्पणियों का समर्थन किया था। उन्होंने कहा कि कूटनीतिक मामलों को गंभीरता से लिया जाना चाहिए और भारत को किसी भी देश का ‘गुलाम अनुयायी’ नहीं बनना चाहिए।

खुर्शीद के मुताबिक, किसी देश की ताकत या उसके साथ भारत की जरूरतों के बावजूद राष्ट्रीय गरिमा और आत्मसम्मान से समझौता नहीं किया जा सकता।

विदेश नीति पर सरकार से जवाबदेही की मांग

ANI से बातचीत में खुर्शीद ने कहा कि राहुल गांधी ने कूटनीतिक प्रतीकों, दूसरे देशों के साथ भारत के संबंधों और राष्ट्रीय सम्मान की रक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण सवाल उठाए हैं।

उन्होंने सरकार की विदेश नीति के परिणामों पर भी सवाल उठाए। इस संदर्भ में उन्होंने व्यापार समझौते को लेकर चिंताओं, H-1B वीजा से जुड़े मुद्दों और भारतीय नागरिकों को हथकड़ी लगाकर वापस भेजे जाने की घटनाओं का उल्लेख किया।

खुर्शीद के बयान से एक बार फिर विदेश नीति, राष्ट्रीय हित और भारत के अंतरराष्ट्रीय संबंधों को लेकर राजनीतिक बहस तेज होने के संकेत हैं।