प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में आयोजित BRICS शिखर सम्मेलन की कुछ खास तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा की हैं। इनमें सबसे ज्यादा चर्चा उस तस्वीर की हो रही है, जिसमें प्रधानमंत्री मोदी चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का हाथ पकड़े नजर आ रहे हैं। एक ही फ्रेम में तीन प्रमुख वैश्विक शक्तियों के नेताओं की मौजूदगी ने इस तस्वीर को समिट की सबसे चर्चित तस्वीरों में शामिल कर दिया है।
तीनों नेताओं की मुलाकात ने खींचा ध्यान
प्रधानमंत्री मोदी ने इस तस्वीर के अलावा तीन अन्य तस्वीरें भी साझा कीं। एक तस्वीर में मोदी, शी जिनपिंग, व्लादिमीर पुतिन और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन साथ चलते नजर आए। वहीं दूसरी तस्वीर में मोदी शी, पुतिन और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो के साथ बातचीत करते दिखे।
तीसरी तस्वीर में प्रधानमंत्री मोदी रूसी राष्ट्रपति पुतिन के साथ चलते हुए नजर आए। ये तस्वीरें भारत की BRICS अध्यक्षता के दौरान हुई उच्चस्तरीय कूटनीतिक बातचीत और विभिन्न देशों के नेताओं के साथ भारत के सक्रिय जुड़ाव को दर्शाती हैं।
रूस के साथ रणनीतिक रिश्तों पर चर्चा
रूस भारत का एक महत्वपूर्ण रणनीतिक साझेदार बना हुआ है। दोनों देशों के बीच व्यापार, ऊर्जा, रक्षा, अंतरिक्ष, बुनियादी ढांचे और लोगों के बीच संपर्क जैसे कई क्षेत्रों में सहयोग जारी है।
BRICS Summit के दौरान राष्ट्रपति पुतिन के साथ बैठक में प्रधानमंत्री मोदी ने इन क्षेत्रों में हुई प्रगति की समीक्षा की। दोनों नेताओं ने व्यापारिक संबंधों को और मजबूत करने पर भी चर्चा की, जिसमें ‘इकोनॉमिक कोऑपरेशन प्रोग्राम 2030’ भी शामिल है।
मोदी और पुतिन ने ‘इनोप्रोम इंडिया’ प्रदर्शनी का भी दौरा किया। भारत को उम्मीद है कि इस तरह के प्रयास दोनों देशों के बीच व्यापार और औद्योगिक सहयोग को और बढ़ावा दे सकते हैं।
चीन के साथ भी बढ़ रहा संवाद
चीन भारत के प्रमुख आर्थिक और क्षेत्रीय साझेदारों में शामिल है। BRICS Summit में शामिल होने के लिए शी जिनपिंग का दिल्ली पहुंचना भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह सात साल बाद उनकी भारत यात्रा है।
हाल के घटनाक्रमों में भारत-चीन संबंधों में धीरे-धीरे सुधार के संकेत देखने को मिले हैं। इनमें सीधी उड़ानों की बहाली और आर्थिक संबंधों को बेहतर बनाने की कोशिशें प्रमुख हैं।
18वें BRICS Summit में जुटे 11 देश
भारत इस वर्ष 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है। नई दिल्ली में आयोजित इस सम्मेलन में 11 सदस्य देशों के नेताओं की भागीदारी हो रही है।
सम्मेलन का मुख्य फोकस उभरती अर्थव्यवस्थाओं के बीच सहयोग को मजबूत करना है। इसमें व्यापार, निवेश, ऊर्जा, टेक्नोलॉजी, खाद्य सुरक्षा और ‘ग्लोबल साउथ’ यानी विकासशील देशों को वैश्विक मंच पर अधिक प्रतिनिधित्व देने जैसे मुद्दे शामिल हैं।
भारत के लिए अहम कूटनीतिक अवसर
BRICS Summit भारत को रूस और चीन जैसे महत्वपूर्ण साझेदारों के साथ एक ही मंच पर संवाद का अवसर दे रहा है। साथ ही, यह भारत को बहुपक्षीय मंच पर अपनी प्राथमिकताओं को मजबूती से रखने का मौका भी प्रदान करता है।
ऐसे में प्रधानमंत्री मोदी, शी जिनपिंग और व्लादिमीर पुतिन की हाथ पकड़े हुए तस्वीर सिर्फ एक तस्वीर नहीं, बल्कि नई दिल्ली में चल रही व्यापक कूटनीतिक गतिविधियों की एक महत्वपूर्ण झलक के तौर पर देखी जा रही है। भारत की BRICS अध्यक्षता में तीनों नेताओं की यह मुलाकात वैश्विक राजनीति में भारत की सक्रिय भूमिका को भी रेखांकित करती है।







