ऑकलैंड, 4 नवंबर। तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह, गुरनूर बराड़ और अंशुल कंबोज की शानदार गेंदबाजी के दम पर भारत ने बुधवार को पहले एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच में न्यूजीलैंड को 185 रन पर समेट दिया। भारतीय गेंदबाजों ने अनुकूल परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाते हुए कुल नौ विकेट हासिल किए। न्यूजीलैंड की टीम 50 ओवर पूरे करने से पहले ही 40.2 ओवर में ऑलआउट हो गई।
भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टॉस जीतकर न्यूजीलैंड को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा के कार्यभार प्रबंधन तथा चोट के कारण टीम में नहीं होने के बावजूद भारत के कम अनुभवी तेज गेंदबाजी आक्रमण ने शानदार प्रदर्शन किया।
अर्शदीप सिंह ने झटके चार विकेट
बादल छाए रहने और पिच से मिल रही मूवमेंट का भारतीय तेज गेंदबाजों ने भरपूर फायदा उठाया। अर्शदीप सिंह सबसे सफल गेंदबाज रहे। उन्होंने 70 रन देकर चार विकेट हासिल किए। हालांकि, वह कुछ महंगे साबित हुए।
गुरनूर बराड़ ने 44 रन देकर तीन विकेट लिए, जबकि अंशुल कंबोज ने 10 ओवर में केवल 22 रन देकर दो बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। कंबोज की किफायती गेंदबाजी ने न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों पर दबाव बनाए रखा।
न्यूजीलैंड की ओर से टिम सीफर्ट ने सर्वाधिक 38 रन बनाए। ग्लेन फिलिप्स ने 30 रन का योगदान दिया, जबकि 11वें नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे ब्लेयर टिकनर ने चार छक्कों की मदद से 34 रन की तूफानी पारी खेली।
पावरप्ले में अर्शदीप का शानदार प्रदर्शन
मैदान छोटा होने के कारण बल्लेबाजों को फायदा मिलने की उम्मीद थी, लेकिन अर्शदीप ने सही लेंथ पर गेंदबाजी करते हुए न्यूजीलैंड को शुरुआती झटके दिए। उन्होंने पावरप्ले के दौरान दो विकेट हासिल किए।
न्यूजीलैंड की टीम पहले 10 ओवर में दो विकेट गंवाकर केवल 45 रन बना सकी। अर्शदीप ने विल यंग (9) को आउट करके भारत को पहली सफलता दिलाई। यंग ने पुल शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद हवा में उछल गई और श्रेयस अय्यर ने कैच लपक लिया।
हेनरी निकोल्स (9) भी ज्यादा देर तक टिक नहीं सके। पुल शॉट खेलने की कोशिश में वह नमन धीर को कैच दे बैठे। इस बार धीर ने कोई गलती नहीं की।
गुरनूर बराड़ ने भी बरपाया कहर
न्यूजीलैंड के बल्लेबाज टिम सीफर्ट ने औकिब नबी की गेंद पर छक्का लगाया। हालांकि, नबी की गेंद पर नमन धीर ने मिडविकेट पर उनका आसान कैच छोड़ दिया।
इसके बाद गुरनूर बराड़ ने शॉर्ट पिच गेंद पर सीफर्ट को आउट किया। सीफर्ट ने गेंद को हवा में उछाल दिया, जिसे सब्स्टीट्यूट रुतुराज गायकवाड़ ने मिड-ऑन पर आसानी से लपक लिया।
गुरनूर ने कप्तान टॉम लैथम को भी ज्यादा देर तक टिकने नहीं दिया। उन्होंने अपनी ही गेंद पर एक हाथ से शानदार रिटर्न कैच लेकर लैथम को पवेलियन भेजा।
मिचेल और फिलिप्स की साझेदारी भी नहीं बचा सकी पारी
चार विकेट गिरने के बाद न्यूजीलैंड की टीम बैकफुट पर आ गई। शानदार फॉर्म में चल रहे डैरिल मिचेल (28) और ग्लेन फिलिप्स से लड़खड़ाती पारी को संभालने की उम्मीद थी।
दोनों बल्लेबाजों ने पारी को आगे बढ़ाने की कोशिश की, लेकिन रोहित शर्मा की सतर्कता और केएल राहुल के प्रयास से मिचेल रन आउट हो गए। इसके बाद न्यूजीलैंड की आधी टीम 100 रन से कम के स्कोर पर पवेलियन लौट चुकी थी।
अंशुल कंबोज की किफायती गेंदबाजी ने बढ़ाया दबाव
न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों पर दबाव बढ़ाने में अंशुल कंबोज की भूमिका अहम रही। उन्होंने लगातार डॉट गेंदें डालकर रन बनाने के मौके कम किए और दो विकेट हासिल किए।
कंबोज ने न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर और नाथन स्मिथ को आउट कर टीम की मुश्किलें और बढ़ा दीं। उनकी किफायती गेंदबाजी के सामने न्यूजीलैंड के बल्लेबाज खुलकर नहीं खेल सके।
ब्लेयर टिकनर ने आखिरी ओवरों में दिखाया दम
न्यूजीलैंड की पारी के अंतिम चरण में ब्लेयर टिकनर ने आक्रामक बल्लेबाजी की। उन्होंने अर्शदीप सिंह के आखिरी ओवर में तीन छक्के जड़कर भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बनाने की कोशिश की।
टिकनर ने चार छक्कों की मदद से 34 रन बनाए। हालांकि, उनकी तूफानी बल्लेबाजी भी न्यूजीलैंड को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाने के लिए पर्याप्त नहीं रही। भारतीय गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के चलते न्यूजीलैंड की पूरी टीम 185 रन पर सिमट गई।







